भारत में ISIS का पहला हमला, पढ़िए पुलिस ने कैसे किया हैंडल

0
2 of 2Next
Use your ← → (arrow) keys to browse

लखनऊ में एटीएस कमांडर छत तोड़कर मकान में दाखिल हुए, जिसके बाद सैफुल्लाह ने वहीं एक जगह खुद को लॉक कर लिया। पुलिस को इन आतंकियों के छिपे होने के इनपुट्स एमपी एटीएस से मिले थे। बताया गया कि जब पुलिस ने चिली ग्रेनेड्स और टियर गैस का इस्तेमाल किया तो सैफुल्लाह ने खुद को कमरे में बंद कर लिया। इसके बाद उसने फायरिंग से जवानों को जवाब देना शुरू कर दिया।

इसे भी पढ़िए :  अब सीबीआई करेगी नजीब अहमद की तलाश

यूपी एडीजी (लॉ ऐंड ऑर्डर) दलजीत चौधरी ने पुलिस ने सैफुल्लाह को जिंदा पकड़ने के तमाम प्रयास किए। कमांडो कमरे में छेद कर भीतर प्रवेश करने की प्रक्रिया में थे, जहां वह छिपा हुआ था। यह पहली बार है, जब ISIS ने भारत में घुसकर इस तरह हमला किया है। इससे पहले ISIS के मॉड्यूल्स द्वारा दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद समेत कई बड़े शहरों में आतंकी योजनाएं विफल साबित हुई हैं।

इसे भी पढ़िए :  बेवफ़ाई का इल्ज़ाम लगाने वालों को सोनम गुप्ता ने यूं दिया करारा जवाब

बीते 1 साल में एनआईए और पुलिस ने विभिन्न राज्यों से 60 भारतीय मूल के ISIS में शामिल हुए लोगों को पकड़ा है, जो देश के भीतर किसी भी तरह के हमले में अपनी भूमिका निभा सकते थे। ये लोग तकरीबन 6-7 मॉड्यूल्स का हिस्सा थे, जो हमले को अंजाम नहीं दे सके।

इसे भी पढ़िए :  कैमरन ने डिजिटल अर्थव्यवस्था का समर्थन करते हुए भारत के लिए बताया जरूरी
2 of 2Next
Use your ← → (arrow) keys to browse