मुलायम vs अखिलेश : कौन करेगा समाजवादी ‘साइकल’ की सवारी ? फैसला आज

0
चुनाव आयोग
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse

समाजवादी पार्टी में जारी घमासान के बीच साइकल पर सवारी कौन करेगा इसका फैसला आज होना है। सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव और अखिलेश गुट में चुनाव चिन्ह साइकल किसको मिलेगा, इसपर चुनाव आयोग आज दिन के 12 बजे सुनवाई करेगा। समाजवादी पार्टी के दोनों गुट ने खुद को असली समाजवादी पार्टी बताते हुए साइकल चुनाव चिन्ह पर अपना दावा ठोंका है। अखिलेश गुट ने अपने साथ 90 प्रतिशत विधायक होने की बात कही है वहीं मुलायम सिंह यादव ने भी चुनाव आयोग में साइकिल चुनाव चिन्ह उनको देने को कह चुके हैं।

इसे भी पढ़िए :  नोटबंदी पर सुप्रीम कोर्ट में आज फिर सुनवाई, फैसले पर टिकी देशभर की निगाहें

चुनाव आयोग में 13 जनवरी यानी आज होने वाले फैसले से पहले दोनों गुट ने रणनीति पर काम करने के लिए कल पूरे दिन कानूनी सलाह ली। अखिलेश गुट की ओर से रामगोपाल यादव और नरेश अग्रवाल कमान संभाले हुए हैं, वहीं मुलायम सिंह गुट की ओर से इसकी जिम्मेदारी अमर सिंह और शिवपाल सिंह यादव ने उठा रखी है।

अभी भी जारी हैं सुलह की कोशिशें

चुनाव आयोग में आज होने वाले फैसले से पहले दोनों गुट ने रणनीति पर काम करने के लिए गुरुवार को पूरे दिन कानूनी राय ली। अखिलेश गुट की ओर से रामगोपाल यादव और नरेश अग्रवाल इसकी जिम्मेदारी संभाल रहे हैं, वहीं मुलायम सिंह गुट की ओर से इसकी जिम्मेदारी अमर सिंह और शिवपाल सिंह यादव उठा रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक, गुरुवार को भी दोनों गुट के बीच समझौते की कोशिश जारी रही। सूत्रों के अनुसार, अंतिम समय में दोनों गुटों को आपस में बातकर आयोग से आवेदन वापस लेने का आग्रह किया गया। दोनों गुटों के बीच बहुत सकारात्मक बातचीत हुई और कोई ठोस नतीजा निकलने के आसार हैं। अंतिम समय में यह रणनीति बनी कि आयोग से 3-4 दिनों का समय लेकर समझौते के लिए वक्त मांग लें और इस बीच दोनों गुट कोई आम समझौता प्लान तैयार कर लें। गौरतलब है कि यूपी विधानसभा चुनाव में पहले चरण के लिए 17 जनवरी से नॉमिनेशन की प्रक्रिया शुरू होगी।

इसे भी पढ़िए :  न्यूनतम मजदूरी के मुद्दे को लेकर केजरीवाल ने केंद्र पर निशाना साधा

अगले स्लाइड में पढ़ें -समाजवादी पार्टी के झगड़े को सुलझाने के लिए चुनाव आयोग के पास क्या-क्या विकल्प हैं ? 

इसे भी पढ़िए :  MCD चुनाव से पहले बढ़ी केजरीवाल की मुश्किलें, शुंगलू रिपोर्ट माना 'आप' ने उड़ाईं कानून की धज्जियां
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse