अमेरिका से बौखलाया चीन, पढ़िए अब क्या करने वाला है

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चीनी रक्षा और विदेश मंत्रालयों ने इस मामले में अब तक कोई टिप्पणी नहीं की है। अमेरिकी अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, ‘अंडरवॉटर वीइकल कानूनी तरीके से दक्षिण चीन सागर में जल के भीतर सर्वे कर रहा था।’ अधिकारी ने कहा, ‘यह संप्रभु उपकरण था, जिसमें अंग्रेजी में स्पष्ट तौर पर लिखा था कि इसे पानी से बाहर नहीं निकाला जा सकता है और यह अमेरिका की संपत्ति है’

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पेंटागन की ओर से शुक्रवार को इस घटना की पुष्टि की गई थी। अमेरिकी रक्षा मंत्रालय ने प्रेस ब्रीफिंग में बताया था कि इस ड्रोन में कमर्शल तौर पर उपलब्ध तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा था। पेंटागन ने चीन की ओर से ड्रोन को जब्त किए जाने की घटना को गंभीरता से लिया है क्योंकि वह अमेरिकी रक्षा मंत्रालय की संपत्ति था। पेंटागन के प्रवक्ता ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, ‘वह हमारा था और उसमें यह स्पष्ट तौर पर लिखा था, हम उसे वापस चाहते हैं। हम चाहेंगे कि ऐसी घटना दोबारा न हो।’

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