मोदी सरकार पर मनमोहन सिंह का हमला, कहा- खतरे में स्वतंत्र सोच और खुली अभिव्यक्ति

0
बीजेपी
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse

पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने केंद्र की मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अब भारतीय विश्वविद्यालयों में स्वतंत्र सोच और खुली अभिव्यक्ति ‘खतरे’ में है। पूर्व पीएम शुक्रवार को कहा कि हैदराबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय और जेएनयू में छात्र समुदाय की खुली अभिव्यक्ति के साथ हस्तक्षेप के हालिया प्रयास खासतौर पर चिंता का विषय थे। उन्होंने शांतिपूर्ण असहमति के स्वर को दबाने को ‘सीखने के लिए अहितकर’ और ‘अलोकतांत्रिक’ करार दिया।

इसे भी पढ़िए :  BSF जवान तेज बहादुर की पत्नी ने कहा, अगर मेरे पति अनुशासित नहीं हैं तो क्यों उनके हाथों में बंदूक थमाई?

प्रेजिडेंसी विश्वविद्यालय के 200 साल पूरे होने पर आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए मनमोहन सिंह ने कहा, ‘खेद है कि भारतीय विश्वविद्यालयों में स्वतंत्र सोच और खुली अभिव्यक्ति को अब खतरा है। शांतिपूर्ण असहमति को दबाने के प्रयास न सिर्फ सीखने के लिए अहितकर, बल्कि अलोकतांत्रिक भी हैं।’ सिंह ने कहा, ‘सही राष्ट्रवाद वहां पाया जाता है जहां छात्रों, नागरिकों को सोचने और खुलकर बोलने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है और उसे दबाया नहीं जाता है। यह सिर्फ रचनात्मक संवाद के जरिए होता है। इसके जरिए ही हम हम सही मायने में मजबूत, अधिक जोड़ने वाले और सतत लोकतंत्र का अपने देश में निर्माण कर सकते हैं।’

इसे भी पढ़िए :  भारत छोड़ो आंदोलन की 75वीं जयंती पर लोकभा में पीएम मोदी ने कहा आज हमारे पास बापू जैसा नेतृत्व नहीं है
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse