दुनिया में पहली बार: मां के गर्भ में ही डॉक्टरों ने बच्ची को दिखा दी बाहर की दुनिया, पढ़िए कैसे

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मेडिकल भाषा में इसका नाम सैक्रोकीजील टेराटोमा है। डॉक्टरों का कहना है कि यह ट्यूमर बालिकाओं में अधिक होता है। शिशु मृत्यु के कई कारणों में यह भी है क्योंकि यह दिल पर असर डालता है और इसकी धड़कन ही रुक जाती है। लेकिन जन्म के बाद इसके बढ़ने पर इसका ऑपरेशन करना आसान होता है। इस बच्ची का भी जन्म के बाद दूसरा ऑपरेशन करना पड़ा क्योंकि पहली दफा में पूरा ट्यूमर नहीं हटाया जा सका था।

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