साल 2016 में दुनियाभर में कम से कम 57 पत्रकार रिपोर्टिंग के दौरान मारे गए

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रिपोर्टर्स विदआउट बॉर्डर्स ने कहा कि इस साल पत्रकारों के मारे जाने की घटनाओं में कमी का कारण प्रेस का दमन करने वालों द्वारा पत्रकारों के लिए पैदा की गई ‘‘दहशत’’ भी है जो मीडिया प्रतिष्ठानों को मनमाने ढंग से बंद करते हैं और पत्रकारों पर पाबंदी लगाते हैं।

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