चौतरफा आलोचना के बाद, ICAI ने नोटबंदी पर चुप रहने की अपनी एडवायजरी ले ली वापस

0
ICAI

द इंस्‍टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICAI) ने 9 दिसंबर को एक एडवायजरी जारी कर अपने सदस्‍यों को चेताते हुए कहा था कि की केंद्र सरकार के नोटबंदी के फैसले की आलोचना करने से बचें। साथ ही उन्हें लेख या इंटरव्यू के रूप में किसी भी मंच पर नोटबंदी के विरुद्ध कोई टिप्पणी करने से बचने को कहा।

इसे भी पढ़िए :  दुनिया का सबसे सस्ता और छोटा पोर्टेबल वेंटिलेटर एम्स में हुआ लॉन्च

संस्‍था ने अपनी वेबसाइट पर एडवायजरी में जारीकर निर्देश दिए थे कि, ‘सभी सदस्‍यों को सलाह दी जाती है कि नोटबंदी को लेकर अपने क्‍लाइंट को राय देने और किसी अन्‍य प्‍लेटफॉर्म पर विचार व्‍यक्‍त करने को लेकर सावधान रहें।’

इसे भी पढ़िए :  'नोटबंदी से पीएम मोदी के जान को खतरा, ये लोग करा सकते हैं हमला'

आईसीएआई द्वारा जारी इन निर्देशों की चौतरफा कड़ी आलोचना हुई जिसके बाद आईसीएआई ने 10 दिसंबर को इसे हटा दिया गया है। आपको बता दे, वेबसाइट पर आईसीएआई के प्रेसिडेंट देवराज रेड्डी की घोषणा में लिखा था ‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नोटबंदी का फैसला आर्थिक विकास को गति देगा।’

इसे भी पढ़िए :  नोटबंदी पर नाना पाटेकर ने भी जताई सहमति, फैसले को बताया मीठी चाय