तो इसलिए पाक से भी गरम होगा भारत-बांग्लादेश का मैच

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क्रिकेट में कई मौकों पर बड़ी-बड़ी टीमों को स्तब्ध कर चुकी बांग्लादेश की साख अभी भी उतनी मजबूत नहीं है। जून 2015 से यह टीम एशिया कप का फाइनल खेल चुकी है। भारत और साउथ अफ्रीका को अपने घर में दो बार वनडे मैचों में हरा चुकी है। T20 में श्रीलंका और पाकिस्तान को एक-एक बार हराया है। इसके बावजूद अभी बांग्लादेश को भारत के खिलाफ बेहतर प्रदर्शन करने के लिए काफी कुछ करना होगा। बांग्लादेश की टीम दबाव के समय बिखर जाने के अपने स्वभाव के कारण भी चिंतित होगी।

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2015 विश्व कप के क्वॉर्टर फाइनल में बांग्लादेश को हराकर भारत ने 2007 का अपना बदला ले लिया था। हालांकि, यह मैच बांग्लादेश के लिहाज से विवादास्पद रहा। इस मैच में 90 पर खेल रहे रोहित शर्मा ने शॉर्ट पिच बॉल पर खेला एक शॉट सीधे फील्डर के हाथ में थमा दिया था, लेकिन अंपायर ने इस बॉल को नोबॉल बताकर रोहित को नॉटआउट करार दिया। इसके बाद शर्मा ने इस मैच में सेंचुरी जड़ भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई। इससे पहले बांग्लादेशी बल्लेबाज महमुदुल्लाह को बाउंड्री लाइन पर आउट करार दिया गया, जबकि ऐसा लग रहा था कि शिखर धवन इस कैच को पकड़ने के दौरान बाउंड्री लाइन से टच कर गए हैं। बांग्लादेश यह मैच हार गया और ढाका यूनिवर्सटी के छात्रों ने विरोध मार्च निकाला। विरोध के बाद आईसीसी के अध्यक्ष मुस्तफा कमाल को यह कहते हुए इस्तीफा दे दिया कि मैच का रिजल्ट पहले से ही तय था। वहीं, बांग्लादेशी प्रधानमंत्री ने यह तक कह दिया कि खराब अंपायरिंग के कारण बांग्लादेश यह मैच हार गया।

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