जिस पूर्वांचल ने 11 मुख्यमंत्री और 4 प्रधानमंत्री दिए, आज वही रो रहा है बदहाली का रोना, जिम्मेदार कौन?

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पूर्वांचल का चुनावी समीकरण

पूर्वांचल में 29 लोकसभा सीटें हैं, 25 जिले हैं और 141 विधानसभा सीटें हैं।

साल 2012 विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी ने मारी थी पूर्वांचल में बाजी। 2012 में सपा को 88, बसपा को 18, बीजेपी को 16, कांग्रेस को 11 और अन्य को 9 सीटें मिली थीं।

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अगर बात करें लोकसभा सीटों की – तो साल 2014 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी को 26, अपनादल, सपा और कांग्रेस को एक-एक सीट में ही संतोष करना पड़ा था।

इंदिरा गांधी से लेकर मोदी तक… सबने पूर्वांचल को चुना  

पूर्वांचल यूपी को अब तक सबसे ज्यादा 11 मुख्यमंत्री दे चुका है। यहीं से सबसे ज्यादा 4 प्रधानमंत्री चुनाव लड़ते रहे हैं। इनमें इंदिरा गांधी, चंद्रशेखर सिंह, राजीव गांधी और नरेन्द्र मोदी शामिल हैं।

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पूर्वांचल की बदहाली सबसे बड़ा सवाल

ऐसे में सवाल सबसे बड़ा यही खड़ा होता है कि आखिर पूर्वांचल की गंभीर स्थिति का जिम्मेदार कौन है? आखिरकार क्यों प्रदेश का बेहद गौरवशाली इलाका आज भी बुनियादी जरूरतों बिजली, सड़क, पानी, शिक्षा, स्वास्थ्य को लेकर जूझ रहा है। पूर्वांचल की दयनीय हालत देखकर दिल भर आता है लेकिन अफसोस की सरकार बदलती हैं, तख्त-ओ-ताज बदलते हैं.. पर नहीं बदलती तो सिर्फ पूर्वांचल की तस्वीर।

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