इस किसान ने केस जीतने के लिए की 16 साल तक कानून की पढ़ाई

0
2 of 2Next
Use your ← → (arrow) keys to browse

वांग ने हिम्मत नहीं हारी और न्याय पाने के लिए संघर्ष करते रहे। अदालत में मामला दायर होने में 8 साल का समय लग गया। अब एक जिला अदालत ने चिंगवा ग्रुप के खिलाफ फैसला सुनाया है। कंपनी को आदेश दिया गया कि वह वांग और उनके पड़ोसियों को 80 लाख रुपये का जुर्माना दे। इस फैसले के बाद भी वांग की यह कानूनी लड़ाई खत्म नहीं हुई है। चिंगवा कॉर्पोरेशन ने जिला अदालत के इस निर्णय के खिलाफ अपील करने का फैसला किया है।

इसे भी पढ़िए :  चीन और पाकिस्तान से खतरा नहीं, भारत के अंदर बैठा है चोर- फारूख अब्दुल्ला

 

 

डेली मेल से बात करते हुए वांग ने बताया, “मैं जानता था कि मैं सही काम कर रहा हूं, लेकिन मुझे नहीं पता था कि कॉर्पोरेशन ने किस कानून का उल्लंघन किया है। मुझे उसके द्वारा किए गए अपराध का सबूत भी जुटाना था।” उन्होंने 5 साल तक बिना किसी की मदद के अकेले कानूनी पढ़ाई की और खुद को यह केस लड़ने के लिए तैयार करता रहा।

इसे भी पढ़िए :  सर्जिकल स्ट्राइक का बदला लेने की तैयारी में आतंकी, ब्रिक्स सम्मेलन को बना सकते हैं निशाना
2 of 2Next
Use your ← → (arrow) keys to browse