2027 तक नहीं देना होगा पर्वतीय राज्यों को वस्तु एवं सेवा कर

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में मंत्रिमंडल की बैठक के बाद उन्होंने कहा कि माल एवं सेवा कर (जीएसटी) कानून के मसौदे के अंतर्गत प्रत्येक उद्योग निश्चित समयावधि (31 मार्च 2027) में अपने खुद की रिफंड व्यवस्था के हकदार होंगे। पूर्वोत्तर तथा जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड जैसे हिमालयी राज्यों में पूर्व उत्पाद शुल्क व्यवस्था के तहत उद्योग को 10 साल की छूट मिलेगी।

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मोदी सरकार ने पर्वतीय राज्यों को भारी भरकम 27,413 करोड़ रुपये के औद्योगिक पैकेज का तोहफा दिया है। इस पैकेज के तहत उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू कश्मीर सहित पर्वतीय राज्यों में उद्योगों को मार्च 2027 तक वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) में छूट की सुविधा मिलती रहेगी।

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हालांकि उद्योगों को यह सुविधा रिफंड के रूप में मिलेगी। एक जुलाई से जीएसटी लागू होने के बाद इन राज्यों में लगने वाले उद्योगों को परोक्ष कर में छूट की सुविधा को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं थी। हालांकि सरकार ने अब यह कदम उठाया है जिससे पूर्वोत्तर के आठ प्रदेशों सहित कुल 11 राज्यों को फायदा होगा।

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Source: INDIA TV