सीएम योगी से मदद मांगने पहुंचा था अजमेर ब्लास्ट का दोषी, जानिए क्या मिला था जवाब

0
योगी आदित्य नाथ
फाइल फोटो
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse

2007 के अजमेर शरीफ ब्लास्ट केस में दोषी करार दिया गया सुनील जोशी कभी यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ से मदद मांगने गया था, लेकिन उन्होंने कोई दिलचस्पी न दिखाते हुए उसे वहां से टरका दिया था। सुनील 2006 में योगी से गोरखपुर में मिला था। इस मुलाकात में उसने योगी से कथित तौर पर सिम कार्ड्स और हथियारों का इंतजाम करने के लिए कहा था। इन बातों का जिक्र स्वामी असीमानंद के उस ‘इकबालिया’ बयान में है, जिसे सीआरपीसी के सेक्शन 164 के तहत दर्ज किया गया था। हालांकि, इस बयान को बाद में वापस ले लिया गया।

इसे भी पढ़िए :  मनोज तिवारी ने केजरीवाल से कहा 'कल पूरा वीडियो भेज दूंगा', जानिए क्या है उस वीडियो का राज ?

अजमेर ब्लास्ट में आरोपी असीमानंद और भारत मोहन रतेश्वर उर्फ भारत भाई को हाल ही में जयपुर की विशेष एनआईए अदालत ने बरी कर दिया था। दोनों ने मजिस्ट्रेट के सामने बयान दर्ज कराया था। द टाइम्स ऑफ इंडिया ने इन बयानों के आधार पर घटनाओं के तार जोड़ने की कोशिश की। इससे पता चला कि सुनील जोशी और भारत भाई ने अप्रैल 2006 में असीमानंद के आदेश पर गोरखपुर के तत्कालीन सांसद योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की थी। असीमानंद ने सुनील और भारत को आगरा जाकर स्थानीय आरएसएस नेता राजेश्वर सिंह से मुलाकात करके योगी से मिलने का रास्ता निकालने के लिए कहा था।

इसे भी पढ़िए :  आज बिहार में रैली करेंगे यूपी के सीएम योगी, सभा से पहले ही गिरा वाटरप्रूफ पंडाल

सुनील और भारत पहले आगरा गए, जहां उनकी मुलाकात राजेश्वर से हुई। राजेश्वर इन दोनों को योगी से मिलवाने के लिए गोरखपुर ले गया। असीमानंद के मजिस्ट्रेट के सामने दर्ज कराए गए बयान और भारत भाई के सीआरपीसी के सेक्शन 164 के तहत दर्ज बयान में इन बातों का जिक्र है। इसके मुताबिक, उस दिन दोनों को योगी से अकेले में मुलाकात का वक्त नहीं मिला। भारत भाई और असीमानंद के मुताबिक, योगी ने बातचीत में कोई दिलचस्पी नहीं दिखाई और किसी और दिन आने कहा। योगी ने कहा, ‘मैं व्यस्त हूं। वक्त लेकर आप मुझसे कभी दोबारा मिल सकते हैं।’

इसे भी पढ़िए :  राहुल गांधी बोले- मोदी का काम है, राम-राम जपना, गरीबों का माल अपना
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse