यूरोप का ‘मिशन मार्स’ फेल, मंगलयान के नहीं मिल रहे कोई संकेत

0
यूरोप

जर्मनी::एएफपी: पृथ्वी पर मौजूद नियंत्रक मंगल पर जीवन से जुड़ी साहसिक खोज के तहत वहां उतरने वाले यूरोप के एक छोटे यान की स्थिति को लेकर समाचार मिलने का आज व्याकुलता एवं घबराहट से इंतजार कर रहे हैं लेकिन संभवत: यान मंगल के प्रभाव को सहन नहीं कर पाया। छोटे बच्चों के खेलने के लिए बने पैडलिंग पूल जितने आकार के ‘‘शियापारेल्ली’’ यान को मंगल पर अंतरराष्ट्रीय समयानुसार कल दोपहर दो बजकर 48 मिनट पर उतरना था।

इसे भी पढ़िए :  जानिए कैसे? इंटरनेट के बिना भी अपने स्मार्टफोन में कोई भी एप डाउनलोड कर सकते हैं

यूरोपीय स्पेस एजेंसी :ईएसए: ने कुछ ही घंटों बाद विमान के मंगल पर उतरने की पुष्टि की लेकिन उसने साथ ही कहा कि यान कोई संकेत नहीं दे रहा है जिसने इस अभियान के असफल रहने की आशंका को जन्म दे दिया है। यूरोप की मंगल पर उतरने की 13 वर्ष पहले की गई पहली कोशिश असफल रही थी।

इसे भी पढ़िए :  अगले साल ISRO रचेगा इतिहास, दुनिया भी देखेगी अंतरिक्ष में भारत का जलवा

ईएसए के शियापारेल्ली प्रबंधक थिएरी ब्लांक्वैर्ट ने एएफपी से कहा, ‘‘यान मंगल पर उतर गया है, यह बात निश्चित है।’’ उन्होंने दारमस्ताद में अभियान नियंत्रण कक्ष से कहा, ‘‘मैं यह नहीं जानता कि वह सही सलामत मंगल पर उतरा है, या वह किसी चट्टान से टकरा गया है या वह केवल संचार स्थापित नहीं कर पा रहा है।’’ उन्होंने कहा कि वह इस बात को लेकर ‘‘बहुत आशावान’’ नहीं है कि यान सही सलामत है। यदि यह अभियान असफल रहता है तो यह यूरोप की मंगल पर उतरने की लगातार दूसरी असफल कोशिश होगी।

इसे भी पढ़िए :  कामुक तस्वीरो पर ये ऐप करेगा मां-बाप को सतर्क...