पेरिस जलवायु समझौता की कामयाबी के लिए भारत एक अहम वजह: EU

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सर्जिकल स्ट्राइक
फाइल फोटो।

नई दिल्ली। यूरोपीय संघ के एक अधिकारी ने बुधवार(5 अक्टूबर) को कहा कि भारत पेरिस जलवायु समझौता की कामयाबी के लिए अहम वजह है। साथ ही, इसने इस बात का जिक्र किया कि इस ऐतिहासिक समझौते को समय पर निष्पादित करने को सुनिश्चित करने के लिए इस देश के साथ ‘गंभीर वार्ता’ महत्वपूर्ण होगी।

भारत में ईयू के प्रतिनिधि हेनरीऐत फाइर्जमान ने कहा कि ‘‘भारत पेरिस समझौते की कामयाबी के लिए एक अहम देश है। 2030 तक योजना को समय पर निष्पादित करने को सुनिश्चित करने के लिए भारत के साथ गंभीर वार्ता में शामिल होना और लामबंद करना जरूरी है।’’

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पेरिस जलवायु समझौता के अनुमोदन का यूरोपीय संसद द्वारा समर्थन किए जाने के एक दिन बाद उनका यह बयान आया है। टेरी द्वारा आयोजित विश्व सतत विकास सम्मेलन में उन्होंने कहा कि ‘‘हमारे पास समय नहीं है और काम को यथाशीघ्र पूरा करने की जरूरत है। अलग थलग रहने की बजाय यदि विभिन्न क्षेत्र साथ साथ काम करेंगे तभी जाकर यह होगा।’’

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टेरी के महानिदेशक अजय माथुर ने कहा कि यूरोपीय संसद के अनुमोदन के बाद आज का दिन है। पेरिस जलवायु समझौता के लिए 30 दिनों की उलटी गिनती भी शुरू हो चुकी है। इस समझौते को प्रभावी बनाने के लिए हमें प्रौद्योगिकी, वित्तयन, सर्वश्रेष्ठ व्यवहारों और सभी के लिए विकल्पों को सुनिश्चित करने की जरूरत है।

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पांच से आठ अक्तूबर तक चलने वाले इस सम्मेलन का उद्देश्य 2015 के बाद वैश्विक लक्ष्य को साकार करने की योजना को पूरा करने के लिए स्वीकार की जाने वाली पद्धतियों पर चर्चा की पहल की कोशिश करना है।

राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी गुरुवार को इस सम्मेलन का औपचारिक रूप से उद्घाटन करेंगे। भारत ग्रीन हाउस गैसों का तीसरा सबसे बड़ा उत्सर्जक है। उसने रविवार को पेरिस जलवायु समझौता का अनुमोदन किया।