मेरी नियुक्ति कुछ ही वक्त के लिए, ये ऑनरशिप की लड़ाई नहीं- रतन टाटा

0
साइरस मिस्त्री
File- Photo
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse

साइरस मिस्त्री को टाटा संस के चेयरमैन पद से हटा दिया गया है। चयन समिति ने चार महीनों के लिए रतन टाटा को अंतरिम चेयरमैन नियुक्त किया है। अब नया चेयरमैन कौन होगा, इसका फैसला करने के लिए एक समिति बना दी गई है। ग्रुप के चेयरमैन पद से हटने के बाद साइरस मिस्त्री को टाटा की प्रमुख कंपनियों टाटा मोटर्स, टाटा स्टील, टीसीएस, इंडियन होटल्स, टाटा ग्लोबल बेवरेजेज और टाटा पावर का चेयरमैन पद भी छोड़ना होगा। इस बीच रतन टाटा ने कहा, ‘मेरी नियुक्ति सीमित अवधि के लिए, जल्द नया नेतृत्व पदभार संभालेगा। ‘ उन्होंने ये भी कहा कि टाटा में ऑनरशिप की लड़ाई नहीं है।

इसे भी पढ़िए :  टाटा समूह की सफलता के लिए मिस्त्री को हटाना जरूरी हो गया था: रतन टाटा

परंपरागत रूप से, टाटा संस का चेयरमैन सभी प्रमुख समूह की कंपनियों का प्रमुख होता है। हालांकि ये अभी स्पष्ट नहीं है कि कैसे उन्हें बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा, लेकिन मिस्त्री परिवार के लिए ये एक झटका है। मिस्त्री परिवार का टाटा में करीब 16-18 फीसदी हिस्सेदारी है, जो कि उन्हें सबसे बड़ा व्यक्तिगत शेयरधारक बनाता है और ये गैर-टाटा शेयरधारक भी है।

इसे भी पढ़िए :  हवाई सफर के दौरान 15 किलोग्राम से अधिक सामान ले जाना, अब पड़ेगा महंगा

इस बीच चेयरमैन पद से हटाए जाने से नाराज साइरस मिस्‍त्री ने इस फैसले के खिलाफ कोर्ट जाने का फैसला किया है। टाटा संस ने मिस्त्री को हटाने का कारण नहीं बताया है।

इसे भी पढ़िए :  मिस्त्री ने फोड़ा नैनो बम, रतन टाटा के जवाब का इंतज़ार
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse