मोदी सरकार के फैसले से अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में खलबली

0

अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में केन्द्र सरकार के फैसले को लेकर कोहराम मचा है। अल्पसंख्यक स्वरूप को लेकर इंतजामिया की नज़र अब सुप्रीम कोर्ट पर है। केन्द्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में दायर हलफनामें में कहा कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी अल्पसंख्यक संस्थान नहीं है। यही वजह है कि केन्द्र सरकार यूपीए सरकार के कार्यकाल में दायर की गई अपील वापस ले रही है।

इसे भी पढ़िए :  यूपी में आज रैलियां ही रैलियां, कानपुर में मोदी, जौनपुर में राहुल और सिद्धार्थनगर में गरजेंगे ओवैसी

आपको बता दें कि यूनिवर्सिटी प्रशासन ने हाई कोर्ट से मिली हार के बाद सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। जहां ये मामला विचाराधीन है। एएमयू प्रशासन का कहना है कि विश्वविद्यालय एक्ट की केन्द्र सरकार अनदेखी कर रही है। सुप्रीम कोर्ट में एएमयू के वकील इसकी मजबूती से पैरवी करेंगे।

इसे भी पढ़िए :  खुदकुशी से पहले जवान ने डायरी में लिखा- कोर्ट मार्शल से बेहतर है मर जाना

प्रधानमंत्री मोदी को मुसलमानों ने स्वीकार कर लिया है। जब ये बयान एएमयू कुलपति ने दिया तो इसे केन्द्र सरकार से नजदीकी बढ़ाने की कवायद कही जा रही थी। लेकिन केन्द्र सरकार के सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल करने के बाद पूरे विश्वविद्यालय में हड़कंप मचा हुआ है।

इसे भी पढ़िए :  योगी सरकार ने चलाई डिंपल, शिवपाल और आजम की सुरक्षा पर कैंची,इन 100 नेताओं का हुआ ये हाल