पंजाब में अब नहीं छलकेगा जाम, जाने क्यो?

0
2 of 2Next
Use your ← → (arrow) keys to browse

शराब

नाम ना छापने की शर्त पर एक रिटेलर ने बताया 70 पर्सेंट वेंडर्स के पास माल की कमी है। केवल उन्हीं लोगों के पास स्टॉक है, जिन्हें ‘एल1ए’ कैटिगरी में बदलाव से पहले सप्लाइ मिल गई थी। पंजाब सरकार ने विवादित एल1ए का लाइसेंस रद्द कर दिया है। इसकी ‘सुपर होलसेलर’ के रूप में निंदा की जा रही थी। पंजाब सरकार ने यह फैसला सुप्रीम कोर्ट द्वारा पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट फैसले पर मुहर लगाने के बाद लिया है। हाईकोर्ट ने प्रविजन को अवैध बताया था।

इसे भी पढ़िए :  असम में बाढ़ से 3 लाख लोग प्रभावित, बचाव कार्य में सेना जुटी

रिटेलर्स और होलसेलर्स का कहना है कि एल1ए पर हाईकोर्ट ने 9 जून को फैसला सुनाया था, सुप्रीम कोर्ट ने भी 29 सितंबर को इस पर अपनी मुहर लगा दी थी, इसके बावजूद सरकार ने उत्पादकों और होलसेलर्स के बीच डायरेक्ट बिलिंग को लेकर नोटिफिकेशन जारी करने में देरी की।

इसे भी पढ़िए :  गोमांस के शक के चलते आपस में भिड़े दो समुदाय, आगे क्या हुआ यहां पढ़ें

होलसेलर्स का आरोप है कि 12 अक्टूब को नोटिफिकेशन जारी हो जाने के बाद भी उत्पादकों ने स्टॉक नहीं दिया है। कई बार प्रयास करने के बावजूद एक्साइज और टैक्सेशन कमिश्नर रजत अग्रवाल ने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। वहीं, अडिशनल एक्साइज और टैक्सेशन कमिश्नर ने इस बात की पुष्टि की कि रिटेलर्स ने उनके सामने इस मुद्दे को उठाया है, लेकिन उन्होंने इसके आगे कुछ भी बोलने से इनकार किया।

इसे भी पढ़िए :  समाजवादी पार्टी चुनाव चिन्ह मामला, चुनाव आयोग ने फैसला सुरक्षित रखा
2 of 2Next
Use your ← → (arrow) keys to browse