नोटबंदी ने निकाला किसानों का दम! देश की मंडियों में सड़ रही हैं लाखों की सब्जियां

0
नोटबंदी
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse

नोटबंदी का असर आप बैंको और एटीएम के बाहर देख ही सकते हैं, लोग लंबी-लंबी लाइनों में खड़े होकर अपनी बारी की प्रतीक्षा कर रहे हैं। घंटों की मशक्कत के बाद वो 4000 रुपये बमुश्किल हासिल कर पा रहे हैं। लेकिन सरकार के इस फैसले से सबसे ज्यादा नुकसान किसान वर्ग का हुआ है।

इसे भी पढ़िए :  देश के कई शहरों में मेट्रो नेटवर्क के विस्तार के लिए कैबिनेट ने दी मंजूरी

नोटों की किल्लत के चलते ग्राहक बाजार से गायब हैं। पिछले एक हफ्ते में महज एक चौथाई ग्राहक बाजार पहुंचे हैं। ग्राहकों की कमी के चलते सब्जियां मंडियों में सड़ रही हैं। आलू प्याज़ और लहसुन की स्थिति तो फिर भी सही है। लेकिन हरी सब्जियों ने तो किसानों को बर्बाद कर दिया है।

इसे भी पढ़िए :  भारतीय नौसेना को बड़ा झटका, स्कॉर्पियन पनडुब्बी से जुड़ी खुफिया जानकारी हुईं लीक

ऐसे में किसान अगर सब्जियां नहीं काटते हैं तो इससे भी उनका नुकसान ज्यादा होगा। खेत में जो सब्जियां हैं अगर वक्त पर उन्हें नहीं काटा या तोड़ा गया तो इससे वो पेड़ों पर ही खराब हो जाएंगी और दूसरा नुकसान ये है कि किसानों के खेत वक्त पर खाली नहीं हुए..तो अगले सीज़न की फसल लेट हो जाएगी। यानी हर तरफ से किसान को मार झेलनी पड़ रही है।

इसे भी पढ़िए :  NSEL घोटाले में संपत्ति की होगी कुर्की - प्रवर्तन निदेशालय

veg-3

अगले स्लाइड में देखिए – क्या है देश की बड़ी सब्जी मंडियों का हाल

Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse