हरियाणा में फिर होगा जाट आंदोलन, सरकार ने कसी कमर

0
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse

हरियाणा में जाटों ने आरक्षण आंदोलन का ऐलान कर दिया हैं। उन्होंने फैसला लिया कि इस आंदोलन की शुरूआत 29 जनवरी को होगी। जिससे हरियाण में सरर्गीम बढ़ती नजर रही हैं। सोनीपत में शुक्रवार को 35 खापों के नेता इसके समर्थन में आए। हिसार में 8 खापों ने बैठक कर आंदोलन में शामिल होने का ऐलान किया। खापों के प्रधानों ने कहा कि आरक्षण के लिए वे बड़ी से बड़ी कुर्बानी देने के लिए हम हमेशा तैयार हैं। वहीं दूसरी और रोहतक में बेमियादी धरना शुरू कर दिया गया है। आंदोलनकारी पिछले जाट आंदोलन के केस वापस लेने और लोगों की रिहाई की मांग कर रहे हैं।

इसे भी पढ़िए :  जलीकट्टू के समर्थन में तमिलनाडू में प्रदर्शन, सड़क पर उतरे हजारों लोग

आंदोलन से निपटने के लिए तमाम जिलों में प्रशासन सक्रिय हो गया है। हिसार में पैरामिलिट्री और हरियाणा पुलिस की पांच-पांच कंपनियां भेज दी गई हैं। हिसार में नैशनल हाइवे के किनारे और रेल ट्रैक के आसपास धरना-प्रदर्शन पर रोक लगा दी गई है। रोहतक शहर में भी जगह-जगह नाकेबंदी कर दी गई है। बता दें, पिछले आंदोलन के दौरान रोहतक में काफी हिंसा हुई थी।

इसे भी पढ़िए :  जम्मू-कश्मीर: बीजेपी के खिलाफ प्रदर्शन, वादा खिलाफी से तंग आकर सड़कों पर उतरे लोग

हरियाणा सरकार ने 29 तारीख से शुरू हो रहे जाट आंदोलन से निपटने के लिए एक साथ कई मोर्चों पर कसरत कर डाली है। एक ओर जहां सरकार ने अलग-अलग स्तरों पर चंडीगढ़ और रोहतक में खाप-पंचायतों के साथ बैठक का सिलसिला चलाया वहीं प्रदेश के मुख्य सचिव डीएस ढेसी ने पिछली दफा हुए आंदोलन के वक्त लूटपाट, आगजनी और तोड़फोड़ का शिकार बने आठ संवेदनशील जिलों के प्रशासनों की तैयारी का अपडेट लेते हुए जरूरी निर्देश दिए।

इसे भी पढ़िए :  बिजली विभाग ने दिया आशा ताई को बड़ा झटका
Prev1 of 2
Use your ← → (arrow) keys to browse