बीजेपी और एसपी पर माया का हमला कहा- दोनों पार्टियों में मिलीभगत, करेंगे पर्दाफाश

0

बीएसपी प्रमुख मायावती ने रविवार को सपा और बीजेपी पर बड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा कि दयाशंकर की गिरफ्तारी के लिए अखिलेश सरकार को दिया गया वक्त खत्म हो गया है। अब दोनों पार्टियों की मिलीभगत के खिलाफ का पर्दाफाश कार्यक्रम किया जाएगा।

मायावती ने प्रेस कांफ्रेंस आयोजित कर दयाशंकर की मां, पत्नी और बेटी के बारे में आपत्तिजनक बयान देने के मामले में अपनी पार्टी के नेता नसीमुद्दीन सिद्दकी का बचाव किया। उन्होंने कहा कि नसीमुद्दीन ने कुछ गलत नहीं किया, बल्कि उसके नारों का गलत मतलब निकाला गया।

मायावती ने अपने पार्टी के लोगों से कहा कि जब सपा सरकार में उन्हें न्याय नहीं मिला तो गरीब और दलितों को कैसे न्याय मिलेगा? अगर सीएम ने अपनी बुआ के सम्मान की रक्षा नहीं की तो समारी सरकार बनते ही इसकी उच्चस्तरीय जांच कराई जाएगी।

मायावती के प्रेस कांफ्रेंस की मुख्य बातें –

– नसीमुद्दीन ने कुछ गलत नहीं किया, नारों का गलत मतलब निकाला गया।

इसे भी पढ़िए :  पीएम मोदी-नीतीश में नजदीकियों का असर, जेडीयू को समर्थन देगी बीजेपी

– दयाशंकर के मुद्दे को दबने नहीं दिया जाएगा और मेरी सरकार आने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

– 27 जुलाई का कार्यक्रम रद्द अब सपा और बीजेपी की मिलीभगत का पर्दाफाश का कार्यक्रम होगा।

– पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 21 अगस्त को बड़ी रैली करेंगे और दूसरा 28 अगस्त को आजमगढ़ में करेंगे।

– बीजेपी-सपा की मिलीभगत की पोल-खोल रैली होगी।

– बहुजन हिताय बहुजन सुखाय के नाम पर ही रैली होगी।

– दोषी दयाशंकर अभी तक नहीं पकड़ा गया, इसमें सपा-बीजेपी की मिलीभगत है।

– पीड़ित को प्रताड़ित किया जा रहा है, दोषी को बचाने की कोशिश हो रही है।

– जानबूझ कर सपा सरकार दयाशंकर को बचा रही है।

– बीजेपी और सपा जातीय संघर्ष कराने की साजिश रच रही हैं।

– बीजेपी और सपा अंदरूनी तौर पर मिलकर चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है।

– बीएसपी के लोगों पर अपशब्द का आरोप भी गलत है और साजिश के तहत किया जा रहा है।

इसे भी पढ़िए :  जीएसटी बिल पास करने वाला पहला राज्य बना असम

– बीएसपी पर आरोप लगाना आसमान में थूकने जैसा है।

– यूपी ने बीजेपी को 73 सीटें दी. अब यूपी चुनाव आ रहा है तब पीएम मोदी को यूपी की याद आ रही है।

– हमारे लोगों ने जो गिरफ्तारी की समय सीमा दी थी वो खत्म हो गया है, लगता नहीं की वो गिरफ्तार करेंगे।

– बीजेपी और सपा की अंदरूनी तौर पर मिले संबंधों को उजागर करने के लिए बुलाई है।

– पीएम मोदी ने किस्म-किस्म की ड्रामेबाजी की जो किसी से छिपा नहीं है।

– बाबा साहब आंबेडकर के 125 वें जन्मदिवस के मौके पर लुभाने की कोशिश की।

– दलितों को लुभाने के लिए किस्म-किस्म की कोशिश की है।

– यूपी चुनाव के पहले ही बीजेपी धराशायी।

– रोहित वेमुला के बाद ऊना दलित कांड ने बीजेपी को हिलाकर रख दिया।

– बीजेपी ने जानबूझकर अपने बड़े पदाधिकरी से मुझे गाली दिलवाई।

– बीजेपी ने दयाशंकर से घृणित गाली दिलवाई. सोची समझी साजिश के तहत बीजेपी ने ये करवाया है।

इसे भी पढ़िए :  अगर नहीं मिला आरक्षण तो फिर आंदोलन पर उतरेंगे गुर्जर, सरकार की उड़ेगी नींद!

– बीजेपी की सह पर ही सपा सरकार ने मेरे खिलाफ मामला दर्ज करवाया है। बीजेपी ने सपा से मिलकर ये गैर कानूनी काम करवाया है।

– ऊना कांड में बीजेपी और आरएसएस से जुड़े लोगों ने दलितों के खिलाफ बर्बर कार्रवाई को अंजाम दिया है। इससे मोदी की काफी फजीहत हुई है।

– दुःख इस बात का है पीएम मोदी ने अब तक ऊना कांड पर एक शब्द नहीं बोला है।

– दयाशंकर की पत्नी और बेटी को पेश करने के नारों का मतलब नसीमुद्दीन ने समझाया है।

– उसका मतलब ये था कि उनकी पत्नी और बेटी आकर देखे कि उनके पति ने क्या कहा।

– अच्छा होता अगर दयाशंकर सिंह की मां और पत्नी हमारे अलावा अपने पति पर भी आपत्तिजनक बात बोलने के लिए मामले दर्ज करते।

– अच्छा होता कि दयाशंकर की मां और पत्नी दलित के बेटी के सम्मान में भी धरना-प्रदर्शन करते.।