सरसंघचालक गलत हो सकते हैं, लेकिन संघ नहीं: वेलिंगकर

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फाइल फोटो।

नई दिल्ली। आरएसएस की गोवा इकाई के प्रमुख पद से हटाए गए सुभाष वेलिंगकर ने रविवार(11 सितंबर) को आरएसएस के बागियों का सम्मेलन आयोजित किया। इसमें उन्होंने संघ के संस्थापक के बी हेडगेवार को उद्धृत करते हुए शीर्ष नेतृत्व पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि सरसंघचालक गलत हो सकते हैं, लेकिन संघ नहीं।’’ उन्होंने जोर देकर कहा कि केवल विचारधारा को ही ‘‘गुरू’’ माना जाना चाहिए न कि किसी व्यक्ति को।

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बेमबोलिम में एक सभा को संबोधित करते हुए वेलिंगकर ने एक समानांतर संगठन बनाने के अपने कदम का बचाव करते हुए कहा कि कुछ नेता उन्हें अपनी शर्तों पर चलाना चाहते थे, लेकिन वे अपनी विचारधारा से कभी समझौता नहीं करेंगे।

वेलिंगकर को पिछले दिनों आरएसएस की गोवा इकाई के प्रमुख के पद से हटा दिया गया था। इसके बाद उन्होंने ‘‘आरएसएस गोवा प्रांत’’ का गठन किया। वेलिंगकर ने जोर देकर कहा कि ‘‘हम आखिरी सांस तक स्वयंसेवक रहेंगे।’’ उन्होंने हेडगेवार की आत्मकथा को उद्धृत करते हुए कहा कि ‘‘सरसंघचालक गलत हो सकते हैं, लेकिन संघ नहीं।

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उन्होंने कहा कि संघ ही इकलौता ऐसा संगठन है, जहां उसकी विचारधारा ही उसका गुरू है। हम किसी व्यक्ति को नहीं, बल्कि भगवा झंडे को अपना गुरू मानते हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि किसी व्यक्ति से गलती हो सकती है, लेकिन विचारधाराएं हमेशा मार्गदर्शक बनी रहती हैं।

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सम्मलेन में भारतीय भाषा सुरक्षा मंच (बीबीएसएम) का समर्थन करने का संकल्प लिया गया। वेलिंगकर बीबीएसएम के समन्वयक हैं। बीबीएसएम स्कूलों में मराठी और कोंकणी जैसी क्षेत्रीय भाषा में स्कूलों में अध्ययन-अध्यापन के मुद्दे को लेकर अभियान चला रहा है।