सूरत के कारोबारी जिग्नेश किशोर भजियावाला को कालेधन को सफेद करने के आरोप में ईडी ने किया गिरफ्तार

0
किशोर भजियावाला

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शुक्रवार को सूरत के चाय बेचने वाले करोड़पति फायनेंसर किशोर भजियावाला को गिरफ्तार कर लिया है। ईडी ने काले धन से जुड़े मामले में किशोर भजियावाला को गिरफ्तार किया है। भजियावाला पर आरोप है कि उसने नोटबंदी के दौरान बड़े पैमाने पर पुराने नोट बदले है।

इसे भी पढ़िए :  नोटबंदी यज्ञ में ली जा रही गरीबों, किसानों और मजदूरों की बलि: राहुल गांधी

बता दें, जिग्नेश भजियावाला मशहूर कारोबारी किशोरभाई भजियावाला के बेटे हैं। नोटबंदी के दौरान इनके यहां छापेमारी में एक करोड़ दो लाख रुपए के नए नोट बरामद हुए थे। इसके अलावा इनकी चार सौ करोड़ की संपत्ति के बारे में भी पता चला चला था। गौर करने वाली बात यह है कि भजियावाला ग्रुप के जो कर्मचारी थे उनमें से करीब 700 कर्मचारियों ने इन नोटों को बदलने में भूमिका निभाई थी।

इसे भी पढ़िए :  नोटबंदी की सफलता पर सवाल, पढ़िए- 25 दिनों में कहां कितनी बर्बादी?

भजियावाला के गोरखधंधों का पर्दाफाश तब हुआ जब जांच एजेंसियों को पता चला कि सूरत का एक चायवाला फाइनेंसर बन गया। ईडी ने कहा, भजियावाला परिवार ने नोटबंदी के बाद फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल करके और फर्जीवाड़ा करके बैंक अधिकारियों और अन्य व्यक्तियों की मिलीभगत से बड़ी संख्या में अज्ञात स्त्रोत से प्राप्त धन और अन्य संपत्तियों को नए नोटों में बदलवाया।

इसे भी पढ़िए :  शर्मनाक: कर्नाटक के उडुप्पी मंदिर में दलितों की रैली के बाद RSS ने कराया मंदिर और सड़कों का 'शुद्धिकरण'